आई वंडर (I Wonder)

Issue 01, January 2017

आश्चर्य से भर जाता था मैं, जब बचपन में, अपने गाँव में रात के समय आसमान में सैकड़ों टिमटिमाते तारों के विस्मित कर देने वाले नजारे को देखता था। मुझे तब भी विस्मय होता था जब रसायनविज्ञान के शिक्षक तत्वों के वर्गीकरण को आवर्त सारणी में दिखाते थे। और आज भी मैं विस्मित रह जाता हूँ जब भी मानव शरीर के प्रत्येक अंग, ऊतक और कोशिका के काम करने की जटिलताओं और बारीकियों के बारे में कुछ और नया जानने को मिलता है। प्राकृतिक संसार को देखकर होने वाले विस्मय ने ऐसी कई वैज्ञानिक खोजों का रास्ता निर्मित किया है जि...read more