उत्तराखंड में हमारा काम 2007 में शुरू हुआ था
वर्तमान में उत्तराखंड के सभी 13 जिलों- हम अल्मोड़ा, बागेश्वर, चमोली, चंपावत, देहारादून, हरिद्वार, नैनीताल, पौड़ी-गढ़वाल, पिथौरागढ़, रुद्रप्रयाग, टिहरी-गढ़वाल ऊधम सिंह नगर और उत्तरकाशी में कार्य कर रहे हैं।
हमारे कामकाज में शिक्षा, स्वास्थ्य, और अन्य क्षेत्र शामिल हैं।


शिक्षा
हमारे कार्य क्षेत्र में आरंभिक बाल्यावस्था शिक्षा (ई सी ई) से लेकर हाई स्कूल तक के शिक्षकों, स्कूली नेतृत्व, शिक्षा विभाग के कार्यकारी, सभी शामिल हैं। हम विभिन्न माध्यमों से शिक्षकों से काम करते हैं। ये माध्यम हैं- बाल शोध मेला, शिक्षक सेमिनार और कार्यशालाएँ। हमारे दो अज़ीम प्रेमजी स्कूल ऊधम सिंह नगर और उत्तरकाशी में चल रहे हैं।

31
टीचर लर्निंग सेंटर
40,658
प्राथमिक स्तर के शिक्षकों के साथ सीधा जुड़ाव
18,431
आँगनवाड़ी शिक्षकों के साथ सीधा जुड़ाव
अज़ीम प्रेमजी स्कॉलरशिप
इस स्कॉलरशिप की शुरुआत 2024 में वंचित पृष्ठभूमि की लड़कियों को कॉलेज शिक्षा प्राप्त करने में सहायता प्रदान करने के लिए शुरू की गई थी। ये स्कॉलरशिप अब उत्तराखंड के सभी जिलों में लागू है।
स्वास्थ्य
हमने उत्तराखंड में अपना कार्य 2025 में उत्तरकाशी जिले के भटवाड़ी ब्लॉक और ऊधम सिंह नगर के रुद्रपुर ब्लॉक में शुरू किया है। हमारा उद्देश्य सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रणाली को मजबूत करके सामुदायिक स्वास्थ्य में सुधार करना है।
अन्य क्षेत्र
अनुदान
हम उत्तराखंड में 40 सहयोगी संस्थाओं के साथ काम कर रहे हैं। ये संस्थाएं अनेक क्षेत्रों जैसे बच्चों, अपंगता, लैंगिक न्याय, गवर्नेंस, भूमि और वन विकास, वंचित समूह, और शहरी पहल में काम कर रहे हैं।
हमारे साथ जुड़ें
अपने कौशल/ दक्षताओं और अपने उद्देश्य के अनुरूप नए पदों में अपने लिए चयन करें
दस्तावेज़ में दिये सभी आंकड़े अप्रैल 2025 के हैं, ये हर वर्ष परिवर्तित/ परिवर्धित होते हैं ।
